नाराज हुए गजराज… 3 घरों को फिर तोड़ा: रात के अंधेरे में शावक के साथ गांव पहुंच रही मादा हाथी, 2 दिन में 3 को मार डाला और 8 घर तोड़ चुके – Raigarh News

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2 दिनों में हाथी ने 8 कच्चे मकानों को तोड़ दिया है, जिसका आंकलन किया जा रहा है

छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिला में एक मादा हाथी अपने शावक के साथ रात के अंधेरे में गांव तक पहुंच रही है। जहां उसके द्वारा घर को तोड़ा जा रहा है। 2 दिनों में मां और शावक ने 3 लोगों को मारकर 8 घरों को तोड़ दिया है। जिससे ग्रामीणों के बीच भय का माहौल बना हुआ है।

मिली जानकारी के मुताबिक बुधवार की देर रात वन अमला की टीम अंगेकेला जंगल क्षेत्र में हाथी और उसके शावक पर नजर रख रही थी। तभी रात करीब दो बजे अचानक तेज बारिश शुरू हो गई।

जिससे बारिश में मादा हाथी और शावक जंगल के रास्ते आगे बढ़कर झरन होते हुए भेलवाटोली गांव में पहुंच गए। जहां एक मकान के परछी की दीवार को हाथी ने तोड़ दिया।

इस दौरान ग्रामीण घर के अंदर सोए हुए थे। जैसे ही घर तोड़ने की आवाज आयी, सभी चुप होकर बैठ गए। इसके बाद हाथी यहां से निकलकर आगे बांसदांड गांव में पहुंच गए।

जहां दो कच्चे मकानों को तोड़ दिया। इससे कोई जनहानि तो नहीं हुई, लेकिन हाथी के आने से गांव में भय का माहौल बना हुआ है। इसके बाद सुबह होने से पहले हाथी वापस बासदांड जंगल की ओर चले गए।

हाथी के द्वारा नुकसान करने के बाद नुकसान आंकलन करने पहुंची टीम

कल 3 को मारा था इसी मादा हाथी व शावक ने मंगलवार की देर रात अंगेकेला में 3 साल के बच्चे को सुंड से उठाकर पटक दिया। बच्चे की रोने की आवाज पर हाथी ने उस पर हमला किया था। जिससे उसकी मौत हो गई थी।

इसके बाद मोहनपुर में एक महिला को मारने के बाद एक घर की दीवार को हाथी ने ढहा दिया था। जिससे मलमे में दबकर ग्रामीण की मौत हो गई थी।

इसके अलावा यहां 5 घरों को भी तोड़ दिया था। इस तरह दो दिनों में हाथी के हमले से 3 की मौत और 8 घरों को हाथी ने तोड़ दिया।

रात में ग्रामीण सो रहे थे, तभी हाथी ने कच्चे मकान को तोड़ दिया

रात में ग्रामीण सो रहे थे, तभी हाथी ने कच्चे मकान को तोड़ दिया

गांव-गांव में करायी जा रही मुनादी वन अमला व हाथी मित्रदल के द्वारा मादा हाथी और उसके शावक के मुवमेंट को देखते हुए लगातार आसपास के सभी गांव में मुनादी करायी जा रही है।

रात में सर्तक रहने के साथ ही अकेले जंगल की ओर नहीं जाने कहा जा रहा है। इसके अलावा हाथियों दल पर टीम निगरानी कर रही है। ताकि उनके मुवमेंट लगातार पता चलते रहे।

शावक की सुरक्षा कर रही इस संबंध में लैलूंगा सबडिवीजन एसडीओ ने बताया कि मादा हाथी के साथ उसका शावक है और जब कोई अचानक सामने आ जाता है तो शावक की सुरक्षा के लिए वह हमला करती है।

शावक 5-6 साल का है, इसलिए वह खूब दौड़-भाग करता है। मादा हाथी उसकी सुरक्षा के लिए रहती है। उन पर लगातार निगरानी की जा रही है।



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