दरभंगा में फर्जी रैयती खतियान बनाने का आरोप लगाया गया है। बीजेपी के पूर्व महामंत्री अंकुर गुप्ता ने कई ऐसे दस्तावेज दिखाए हैं जिसपर अधिकारियों की मुहर और हस्ताक्षर मौजूद हैं, लेकिन जब इन्हें ऑनलाइन चेक किया गया तो ये दस्तावेज किसी और नाम से रजिस्टर्ड
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राहुल गांधी और तेजस्वी यादव पर आरोप लगाते हुए कहा कि ये लोग ऐसे घुसपैठियों को बचाने की कोशिश कर रहे हैं। रैयती खतियान पूर्णिया जिले का है, जिस पर बड़कू संथाल का नाम अंकित है, लेकिन गूगल पर सर्च करने पर यह नाम लक्ष्मीनाथ तिवारी आता है।
यही लोग फर्जी कागजात बनवाकर आधार कार्ड, आवासीय प्रमाण पत्र और अन्य पहचान पत्र हासिल कर लेते हैं। इसी आधार पर उन्हें नागरिकता भी मिल जाती है। बंदोबस्त कार्यालय परिसर में खुलेआम यह खेल चल रहा।
रुपए की हो रही लेनदेन।
पुराने सर्वे ऑफिस के आसपास फर्जीवाड़ा चल रहा
अंकुर गुप्ता ने कहा कि बांग्लादेश से घुसपैठ कर आए लोग असम और बंगाल के रास्ते बिहार में प्रवेश कर रहे हैं और दरभंगा में पुराने सर्वे ऑफिस के आसपास यह फर्जीवाड़ा चल रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि INDIA गठबंधन के नेता तेजस्वी यादव और राहुल गांधी ऐसे घुसपैठियों के संरक्षक बन रहे हैं और चुनाव आयोग के शुद्धिकरण अभियान पर सवाल उठा रहे हैं।
एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें सर्वे ऑफिस परिसर में कागजात लेने वाला शख्स पैसे का लेन-देन करते दिख रहा है। वह कहता है कि “हर बार पैसा देते हैं, अगली बार पूरा कर देंगे।”यह वीडियो इशारा करता है कि लगातार फर्जी कागजात बनवाने का धंधा चल रहा है।
जब इस मामले में संबंधित लोगों से सवाल पूछे गए तो उन्होंने रैयती खतियान लेने से इनकार कर दिया, लेकिन वीडियो का जिक्र होते ही बहाने बनाने लगे और कागज दिखाने से भी इनकार कर फरार हो गए।
बीजेपी कार्यकर्ता अंकुर गुप्ता।
जांच में गड़बड़ी निकली तो होगी कार्रवाई
दरभंगा डीएम कौशल कुमार ने कहा कि जो दस्तावेज दिखाए गए हैं वे खतियान की सर्टिफाइड कॉपी हैं। अगर ये संदिग्ध पाए गए और कोई गलत ढंग से निकालकर दुरुपयोग कर रहा है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। ऐसा करना अपराध है।