Imtdot

‘इरादे से मेरे साथ हैं, इसलिए लोग खिलाफ हैं’: विधानसभा में शायराना अंदाज में SIR पर चर्चा, देखिए स्पीकर, मंत्री और विपक्ष की कविताएं – Patna News

‘इरादे से मेरे साथ हैं, इसलिए लोग खिलाफ हैं’:  विधानसभा में शायराना अंदाज में SIR पर चर्चा, देखिए स्पीकर, मंत्री और विपक्ष की कविताएं – Patna News
Spread the love share



SIR पर बिहार विधानसभा का मानसून सत्र के चौथे दिन भी जमकर हंगामा हुआ। सदन में SIR पर चर्चा हुई। आज शायराना अंदाज में स्पीकर, मंत्री और विपक्ष ने कविताओं में चर्चा की। कांग्रेस विधायक दल के नेता शकील अहमद ने कहा-

‘उनके गिरेबां में खंजर हो, मुझे एतराज ना हो, ऐसा हो नहीं सकता।

मैं इंसा हूं, किसी इंसा को दर्द हो.. वो मुझे महसूस न हो… ऐसा हो नहीं सकता। तुम भूल गए अपने फर्ज को, मैं भूल जाऊं अपना फर्ज… ये हो नहीं सकता।’

उनकी इस कविता पर स्पीकर ने कहा कि अगर चुनाव आयोग को इसका जवाब देना होता तो कुछ यूं देता- इरादे मेरे हमेशा साफ होते हैं, इसलिए कई लोग मेरे खिलाफ होते हैं।

मंत्री विजय चौधरी ने भी सदन में कविता सुनाई उन्होंने कहा कि ये कुर्सी से गम जब करते हैं, कुछ कह न सकूं, चुप रह न सकूं…

खामोश रहूं ये नमुमकिन है, और कह दूं तो शिकायत होती है।



Source link


Spread the love share
Exit mobile version